राजस्थान की कृषि | Agriculture Of Rajasthan | Rajasthan Gk Notes | Margdarshan Academy

By | August 15, 2018

Agriculture Of Rajasthan | राजस्थान की कृषि

राजस्थान में भूमि उपयोग:

1. शुद्ध कृषि योग्य भूमि
2. पड़त भूमि
3. बंजर भूमि
4. स्थायी चारागाह
राजस्थान के लगभग 70 प्रतिशत भाग में कृषि की जाती है।
राजस्थान की लगभग 62 प्रतिशत जनसंख्या कृषि कार्यों में संलग्न है।
राज्य की जीडीपी कृषि का योगदान 23 प्रतिशत है।
राज्य में बाहरवीं पंचवर्षीय योजना में कृषि में 3.5 प्रतिशत वृद्धि लक्ष्य रखा गया है।

राजस्थान दो यांत्रिक कृषि फॉर्म स्थित है।
1. सूरतगढ़ यांत्रिक कृषि फॉर्म-गंगानगर-सोवियत संघ
2. जैतसर यांत्रिक कृषि फार्म गंगानगर – कनाडा
राजस्थान में सर्वाधिक सिंचित जिला-गंगानगर
राजस्थान में न्यूनतम सिंचित जिला-चुरू

उपयोग के आधार पर कृषि के प्रकार

1. विशिष्ट – आय का 50 प्रतिशत के अधिक एक ही फसल से प्राप्त
2. सामान्य – आय का 50 प्रतिशत से अधिक अनेक फसलों से प्राप्त
3. मिश्रित – कृषि$पशुपालन-भारतीय उपमहाद्वीप
4. रैंचिंग (चारागाह)-पशुपालन के लिए

सिंचाई के आधार पर कृषि के प्रकार

1. तर कृषि – 200 सेमी$
2. अर्द्धसिंचित कृषि – 100 से 200 सेमी
3. अर्द्धसिंचित कृषि – 50 से 100 सेमी
4. सुस्त कृषि – 50 सेमी से कम

बुवाई-कटाई के आधार पर

1. खरीफ फसल – बुवाई-जून से जुलाई
कटाई- सितम्बर से अक्टूबर
सियालू फसल
मक्का, चावल, कपास, बाजरा
2. रबी फसल – बुवाई-अक्टूबर से नवम्बर
कटाई- मार्च से अप्रेल
उन्नालू फसल
गेहूं, चन्ना, सरसों, ईसबगोल, अफीम
3. जायद फसल – बुवाई-अप्रेल से
खीरा, मतीरा, ककड़ी, चारा

उत्पादन-उद्देश्य के आधार पर कृषि के प्रकार

1. खाद्यान्न-मक्का, चावल, बाजरा, रागी, ज्वार, ग्वार आदि।
2. दलहन – चन्ना, मोठ, मूंग, छोला, उड़द, सोयाबीन, अरहर/तूअर, मसूर आदि।
3. तिलहन – तिल, अलसी, अरण्डी, राई, मूंगफली, सरसों, सूरजमूखी, होहोबा, तारामीरा आदि।
4. नकदी/व्यापारिक फसलें – गन्ना, कपास, जूट, पटसन, चाय, कॉफी,
मसाले- जीरा, धनिया, राई, मैथी, सौंफ, अजवाईन

गेहूं-

देश में स्थान-पांचवा
राजस्थान में सर्वाधिक मात्रा में उत्पादित किया जाने वाला खाद्यान्न
जिले – 1. गंगानगर सर्वाधिक
2. हनुमानगढ़
3. अलवर
राजस्थान में गेहूं की उगाई जाने वाली किस्में
1. सोना कल्याण 2. 1482

मक्का

मूल स्थान-अमेरिका
भारत में सर्वाधिक उत्पादित किये जाने वाला मोटा अनाज
राजस्थान भारत का तीसरा सबसे बड़ा मक्का उत्पादक क्षेत्र है।
1. आन्ध्रप्रदेश 2. कर्नाटक 3. राजस्थान
किस्में – 1. माही कंचन 2. माही धवल

उत्पादक क्षेत्र –

1. चितौड़-सर्वाधिक उत्पादन
2. उदयपुर – सर्वाधिक क्षेत्रफल
3. राजसमन्द

ज्वार

मूल स्थान-अफ्रीका
ज्वार तीनों मौसम में उत्पादित होने वाला खाद्यान्न है।
दक्षिण भारत – खाद्यान्न के रूप में उपयोग
उत्तर भारत – चारे के रूप में उपयोग
राजस्थान ज्वार अनुसंधान केन्द्र-वल्लभनगर, उदयपुर
उत्पादक क्षेत्र – 1. अजमेर-सर्वाधिक उत्पादन व क्षेत्रफल
2. पाली 3. भीलवाड़ा

जौ

राजस्थान दूसरा सबसे बड़ा जौ उत्पादक राज्य है। प्रथम-उत्तर प्रदेश
यह भूमि की उर्वरता को कम करता है। इसलिए पिछले 5 दशकों से इसका उत्पादन व क्षेत्रफल निरन्तर कम होता जा रहा है ।
इसका प्रमुख उपयोग शराब बनाने में किया जाता है।
राजस्थान का उत्तरी भाग जौ उत्पादक क्षेत्र माना जाता है।

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